कलेक्टर के निर्देश पर SECL कोरबा प्रबंधन ने की कार्रवाई, 7.60 किलोमीटर सड़क की मरम्मत एवं निर्माण के लिए मांगी गई स्वीकृति
कोरबा | मनीष जायसवाल | JB News Korba
कोरबा। रिस्दी चौक से रजगामार तक की जर्जर सड़क की समस्या को लेकर ग्राम पंचायत रजगामार की उपसरपंच श्रीमती पूनम चौरसिया द्वारा की गई पहल का असर अब दिखाई देने लगा है। सड़क की बदहाल स्थिति को लेकर कलेक्टर जनदर्शन में शिकायत किए जाने के बाद जिला कलेक्टर ने मामले को संज्ञान में लेते हुए SECL कोरबा क्षेत्र के महाप्रबंधक को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद SECL प्रबंधन ने लगभग 7.60 किलोमीटर लंबी सड़क की मरम्मत एवं निर्माण कार्य के लिए स्वीकृति प्रस्ताव मुख्यालय बिलासपुर भेज दिया है।

जनदर्शन में उठाया था सड़क का मुद्दा
जानकारी के अनुसार, उपसरपंच श्रीमती पूनम चौरसिया ने 28 सितंबर 2026 को कलेक्टर जनदर्शन में टोकन क्रमांक 2050126003642 के माध्यम से आवेदन प्रस्तुत किया था। इसमें रिस्दी चौक से रजगामार तक प्रभावित सड़क की खराब स्थिति को देखते हुए मरम्मत एवं निर्माण कराने की मांग की गई थी। साथ ही SECL कोरबा क्षेत्र की CSR मद से प्रभावित सड़कों के सुधार के लिए आवश्यक पहल करने का आग्रह किया गया था।
SECL ने मुख्यालय भेजा प्रस्ताव
कलेक्टर की अनुशंसा एवं निर्देश के बाद SECL कोरबा क्षेत्र के सिविल विभाग ने कार्रवाई करते हुए रिस्दी चौक से रजगामार तक लगभग 7.60 किलोमीटर सड़क पर WMM एवं BT पेच मरम्मत कार्य के लिए प्रस्ताव तैयार कर सक्षम स्वीकृति हेतु SECL मुख्यालय, बिलासपुर भेजा है। SECL के महाप्रबंधक, सिविल विभाग द्वारा 5 अक्टूबर 2026 को जारी पत्र में इसकी जानकारी दी गई है। पत्र के अनुसार, मुख्यालय से स्वीकृति प्राप्त होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
बड़े गड्ढों को तत्काल भरने की भी मांग
उपसरपंच पूनम चौरसिया ने बताया कि उन्होंने SECL के महाप्रबंधक से यह भी आग्रह किया था कि जब तक सड़क निर्माण का कार्य शुरू नहीं होता, तब तक मार्ग में बने बड़े-बड़े गड्ढों को बोल्डर, मिट्टी एवं मुरुम से भरवाकर आवागमन योग्य बनाया जाए, ताकि दुर्घटनाओं की आशंका कम हो और लोगों को राहत मिल सके। उनके अनुसार, प्रबंधन ने इस मांग पर तत्काल गड्ढों को भरने के लिए निर्देश जारी किए हैं।
स्वीकृति मिलने के बाद शुरू होगा निर्माण
पूनम चौरसिया ने कहा कि सड़क की बदहाली से क्षेत्र के लोगों को आवागमन में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। जनहित को ध्यान में रखते हुए उन्होंने लगातार इस समस्या को अधिकारियों के समक्ष उठाया। कलेक्टर द्वारा मामले को संज्ञान में लेना और SECL प्रबंधन द्वारा प्रस्ताव मुख्यालय भेजना सकारात्मक पहल है। अब क्षेत्रवासियों को SECL मुख्यालय बिलासपुर से स्वीकृति मिलने का इंतजार है, ताकि सड़क मरम्मत एवं निर्माण का कार्य शुरू हो सके और लोगों को जर्जर सड़क से राहत मिल सके।

















