कोरबा (छ.ग.) – विश्व आदिवासी दिवस (9 अगस्त) के उपलक्ष्य में कोरबा जिले के बुधवारी बाजार में 5 दिवसीय भव्य समारोह विश्व मूलनिवासी दिवस का आयोजन किया जा रहा है। यह आयोजन 7 अगस्त 2025 से 11 अगस्त 2025 तक चलेगा, जिसमें सामाजिक, सांस्कृतिक और पारंपरिक विविधताओं का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा। इस आयोजन का उद्देश्य आदिवासी समाज की पहचान, संस्कृति और अधिकारों को राष्ट्रीय स्तर पर उजागर करना है।
आदिवासी शौर्य और संस्कृति का महापर्व
आयोजन स्थल – विश्व की प्रथम आदिवासी शक्ति पीठ, बुधवारी बाजार, कोरबा, छत्तीसगढ़।
आयोजक – आदिवासी सांस्कृतिक कल्याण केंद्र।
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण:
1. प्रथम दिवस (07.08.2025)
- सांस्कृतिक शोभायात्रा
- सामाजिक प्रथाओं की प्रदर्शनी
- पारंपरिक लोक नृत्य प्रतियोगिता
2. द्वितीय दिवस (08.08.2025)
- पारंपरिक शारीरिक खेल प्रतियोगिता
- कुश्ती, कबड्डी, तीरंदाजी
- विजेताओं को नगद पुरस्कार
3. तृतीय दिवस (09.08.2025)
- सामूहिक देव पूजन
- पारंपरिक वेशभूषा प्रतियोगिता
- सांस्कृतिक रंगारंग कार्यक्रम
4. चतुर्थ दिवस (10.08.2025)
- सामाजिक विषयों पर संगोष्ठी
- युवा संवाद
- पारंपरिक कला, चित्रकला, शिल्पकला प्रतियोगिता
5. समापन दिवस (11.08.2025)
- मुख्य समारोह और सम्मान समारोह
- विजेताओं को पुरस्कार वितरण
- आदिवासी कलाकारों द्वारा मंचीय प्रस्तुति
- रंगारंग समापन समारोह
आयोजन का उद्देश्य:
संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित “विश्व आदिवासी दिवस” पर यह आयोजन आदिवासी समाज की गौरवशाली परंपराओं और मूल अधिकारों के प्रति जागरूकता लाने का प्रयास है। यह आयोजन न सिर्फ सांस्कृतिक संरक्षण का माध्यम है बल्कि आदिवासी समाज की शक्ति, संगठितता और आत्मगौरव का प्रतीक भी है।
आयोजकों की अपील:
समस्त क्षेत्रवासी, बुद्धिजीवी, समाजसेवी एवं युवा वर्ग से इस ऐतिहासिक आयोजन में सहभागी बनने की अपील की गई है ताकि समाज में एकता, जागरूकता और सांस्कृतिक गौरव का संदेश प्रसारित हो सके।
जय जोहार! जय आदिवासी!!















