कोरबा शहर के संजय नगर क्षेत्र अंतर्गत गुप्ता गली में बुधवार, 7 जनवरी 2025 की शाम एक सनसनीखेज घटना ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी। किराए के पैसे मांगना एक घर मालिक को इतना महंगा पड़ गया कि किरायेदार ने उन पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल घर मालिक को तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनकी हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।
घटना के बाद पुलिस में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराई गई है, लेकिन हैरानी की बात यह है कि वारदात के कई घंटे बीत जाने के बावजूद आरोपी अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर है।
शाम 4 बजे हुआ विवाद, देखते ही देखते हमला
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, घटना बुधवार शाम करीब 4 बजे की है। संजय नगर गुप्ता गली में रहने वाले मकान मालिक ने अपने किरायेदार से लंबे समय से बकाया किराया चुकाने की बात कही थी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच पहले कहासुनी हुई, जो देखते ही देखते हिंसक विवाद में बदल गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बहस के दौरान किरायेदार ने अचानक चाकू निकाल लिया और घर मालिक पर हमला कर दिया। हमला इतना अचानक और खतरनाक था कि आसपास मौजूद लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही मकान मालिक गंभीर रूप से घायल हो चुके थे।

इस घटना से संजय नगर और आसपास के क्षेत्रों में भय का माहौल है। स्थानीय लोगों का कहना है कि दिनदहाड़े इस तरह की हिंसक वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
FIR दर्ज, लेकिन आरोपी अब भी फरार
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और पीड़ित पक्ष की शिकायत के आधार पर आरोपी किरायेदार के खिलाफ गंभीर धाराओं में FIR दर्ज की गई। बावजूद इसके, आरोपी अब तक पुलिस की पकड़ से बाहर है।
स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि पुलिस की कार्रवाई बेहद धीमी है। लोगों का कहना है कि यदि आरोपी जल्द गिरफ्तार नहीं हुआ, तो इलाके में अपराधियों के हौसले और बुलंद होंगे।
स्थानीय लोगों में आक्रोश, पुलिस से सख्त कार्रवाई की मांग
घटना के बाद से मोहल्लेवासियों में भारी आक्रोश है। लोगों ने पुलिस प्रशासन से मांग की है कि आरोपी को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर कड़ी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि मकान मालिक और किरायेदार के बीच विवाद आम बात है, लेकिन कानून हाथ में लेकर किसी की जान पर हमला करना किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
सवालों के घेरे में कानून-व्यवस्था
इस घटना ने एक बार फिर कोरबा शहर की कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। दिनदहाड़े चाकूबाजी और आरोपी का खुलेआम फरार रहना पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर प्रश्नचिह्न लगाता है। अब देखना यह होगा कि पुलिस कितनी तेजी से आरोपी को गिरफ्तार कर पीड़ित परिवार को न्याय दिला पाती है।















