रायपुर, 01 अप्रैल। D.Ed Abhyarthi : छत्तीसगढ़ में 2300 चयनित डीएड अभ्यर्थियों का संघर्ष अब 98वें दिन में प्रवेश कर चुका है। यह आंदोलन केवल नौकरी की मांग नहीं, बल्कि न्याय, अधिकार और सम्मान की लड़ाई बन चुका है।
आज आंदोलन ने अत्यंत भावुक और गंभीर रूप ले लिया, जब अभ्यर्थियों ने तूता धरना स्थल के पीछे स्थित तालाब में जल समाधि लेने का प्रयास किया। यह दृश्य मार्मिक था, जिसमें अपने हक के लिए युवाओं ने अपनी जान की परवाह किए बिना पानी में उतरकर सरकार से गुहार लगाई।
अभ्यर्थी पिछले कई महीनों से शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांग रख रहे हैं, लेकिन अब उनका धैर्य टूटता हुआ दिखाई दे रहा है। उनका मुख्य अनुरोध है कि 2300 रिक्त पदों की नियुक्ति प्रक्रिया तत्काल पूरी की जाए, ताकि हजारों परिवारों का भविष्य सुरक्षित हो और युवाओं का आत्मसम्मान बना रहे।















