जगद्गुरु रामभद्राचार्य का बयान: “भारत माता को डायन कहने वालों को सहन नहीं करेंगे”

Must Read

संभल। उत्तर प्रदेश के संभल जिले के ऐंचौड़ा कम्बोह स्थित कल्कि धाम में आयोजित सात दिवसीय श्री कल्कि कथा का शुभारंभ सोमवार को हुआ। कथा के प्रथम दिन पद्मविभूषण जगद्गुरु रामानंदाचार्य तुलसी पीठाधीश्वर स्वामी रामभद्राचार्य पहुंचे और पत्रकारों से बातचीत के दौरान कई महत्वपूर्ण वक्तव्य दिए।

जगद्गुरु रामभद्राचार्य ने कहा कि भारत में रहने वाले सभी लोगों को वंदे मातरम का सम्मान करना चाहिए और राष्ट्रभाव से जीना चाहिए। उन्होंने कहा—“भारत माता को डायन कहने वालों को हम सहन नहीं करेंगे। यहां अकबर या बाबर बनकर कोई नहीं रह सकता। यहां रहना है तो तुलसीदास, सूरदास या कबीरदास बनकर रहो।”

उन्होंने कहा कि भारत में रहने वाले हर व्यक्ति को गाय को माता मानकर उसकी पूजा करनी चाहिए। उन्होंने तीखे शब्दों में कहा—“वंदे मातरम न कहने वालों को पाकिस्तान चले जाना चाहिए।” कल्कि कथा के संदेश पर जगद्गुरु ने कहा कि इसका मूल भाव है—“स्वयं जीओ, साथ रहो और दूसरे को भी जीने दो।” उन्होंने कहा कि भारत की संस्कृति में माता, गंगा माता और गौ माता को सम्मान देना हमारा कर्तव्य है।

पत्नी शब्द की शास्त्रीय व्याख्या पर अपने पूर्व वक्तव्य को दोहराते हुए उन्होंने कहा—“मैंने जो कहा, शास्त्रसम्मत कहा है। अंग्रेजी के ‘वाइफ’ शब्द की जो व्याख्या है, वह अंग्रेजों से पूछो। भारत में न ‘बीवी’ स्वीकृत है और न ही ‘वाइफ’। यहां पत्नी होती है, जो पति को पतन से बचाती है। कोई भी विद्वान अंग्रेजी के ‘वाइफ’ शब्द की बेहतर व्याख्या बता दे, मैं त्रिदंड गंगा जी में फेंक दूंगा।”

कल्कि धाम में आयोजित यह सात दिवसीय कथा दिसंबर तक चलेगी, जिसमें देशभर से श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है।

- Advertisement -
Latest News

राज्यपाल रमेन डेका  कल 1 अप्रैल को रहेंगे कोरबा जिले के प्रवास में

हनुमंत कथा व सामूहिक विवाह कार्यक्रम में होंगे शामिलकोरबा, 31 मार्च 2026 / राज्यपाल रमेन डेका कल 1 अप्रैल को...

More Articles Like This