गेवरा-दीपका: एशिया की सबसे बड़ी कोयला खदानों में से एक, गेवरा-दीपका क्षेत्र में कार्यरत मजदूरों की सबसे प्रमुख यूनियन हिंद खदान मजदूर फेडरेशन की नई कार्यसमिति का गठन कर दिया गया है। फेडरेशन से जुड़े हिंद खदान मजदूर संघ के तत्वावधान में यह घोषणा महामंत्री श्री हरभजन सिंह ने की।
फेडरेशन के नए अध्यक्ष के रूप में छत्तीसगढ़ के माटीपुत्र श्री रेशमलाल यादव को चुना गया है। यह नियुक्ति राज्य के लिए गौरव की बात मानी जा रही है, क्योंकि सदियों बाद छत्तीसगढ़ को राष्ट्रीय नेतृत्व में प्रतिनिधित्व मिला है। गेवरा-दीपका क्षेत्र समेत पूरे SECL संगठन से श्री यादव को बधाइयाँ मिल रही हैं।
घोषित नई कार्यसमिति इस प्रकार है:
- अध्यक्ष: श्री रेशमलाल यादव
- कार्यकारी अध्यक्ष: श्री सिद्धार्थ गौतम
- उपाध्यक्ष: श्री नाथूलाल पांडेय, श्री शिवकांत पांडेय, श्री अशोक पांडेय, श्री अर्जुन सिंह, श्री रणविजय सिंह
- महामंत्री: श्री हरभजन सिंह
- सहायक महामंत्री: श्री शिवकुमार यादव, श्री राघवन रघुनन्दन, श्री अख्तर जावेद उस्मानी
- सचिव: श्री राजेश कुमार सिंह, श्री शरद धंदे, श्री रंजय कुमार (तीन सचिव पद रिक्त)
- संगठन सचिव: श्री एम.पी. अग्निहोत्री, श्री विनय सिंह, श्री राकेश कुमार
- कोषाध्यक्ष: श्री शंकर बेहरा
इसके अतिरिक्त कार्यसमिति में 10 अन्य सदस्यों को भी शामिल किया गया है, जिनके नाम जल्द घोषित किए जाएंगे।
दो दशक बाद हुआ फेडरेशन का अधिवेशन
गौरतलब है कि हिंद खदान मजदूर फेडरेशन का पिछला अधिवेशन वर्ष 2003 में हुआ था। 25 अप्रैल 2025 को दिल्ली में आयोजित नए अधिवेशन में सर्वसम्मति से श्री हरभजन सिंह को महामंत्री चुना गया। नई कार्यसमिति के गठन हेतु उन्हें अधिकृत किया गया था, जिसके तहत अब यह घोषणा की गई है।
नाथूलाल पांडेय को झटका
फेडरेशन के पूर्व अध्यक्ष श्री नाथूलाल पांडेय को इस बार उपाध्यक्ष पद से संतोष करना पड़ा है। दशकों तक निर्णायक भूमिका निभाने वाले पांडेय के लिए यह राजनीतिक झटका माना जा रहा है। संगठन में पीढ़ी परिवर्तन की यह बानगी मानी जा रही है।
संगठन को नई दिशा की उम्मीद
नई कार्यसमिति और अध्यक्ष रेशमलाल यादव से संगठन को नई ऊर्जा, एकजुटता और निर्णायक नेतृत्व की उम्मीद की जा रही है।















