Laxmi Verma Rajya Sabha Nomination : भाजपा की लक्ष्मी वर्मा ने राज्यसभा के लिए भरा पर्चा, सीएम विष्णु देव साय बने प्रस्तावक,देखिए विडिओ

Must Read

Laxmi Verma Rajya Sabha Nomination , रायपुर — छत्तीसगढ़ से खाली हो रही राज्यसभा की एक सीट के लिए राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की अधिकृत प्रत्याशी लक्ष्मी वर्मा ने गुरुवार को विधानसभा सचिवालय पहुंचकर अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। इस दौरान उनके साथ मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव और वरिष्ठ विधायक धरम लाल कौशिक विशेष रूप से मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री और दिग्गज नेता बने प्रस्तावक

नामांकन की प्रक्रिया के दौरान मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने लक्ष्मी वर्मा के नाम का प्रस्ताव रखा। भाजपा ने इस बार एक अनुभवी और सांगठनिक पृष्ठभूमि वाली महिला नेत्री पर भरोसा जताया है। लक्ष्मी वर्मा वर्तमान में छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग की सदस्य हैं और लंबे समय से पार्टी के विभिन्न पदों पर सक्रिय रही हैं। नामांकन दाखिल करने के बाद मुख्यमंत्री साय ने कहा कि लक्ष्मी वर्मा का चयन जमीनी कार्यकर्ताओं का सम्मान है।

नामांकन के दौरान भाजपा के कई वरिष्ठ मंत्री और विधायक भी उपस्थित थे, जो पार्टी की एकजुटता को दर्शा रहा था। लक्ष्मी वर्मा का मुकाबला कांग्रेस की प्रत्याशी से होगा, हालांकि विधानसभा में भाजपा के पास बहुमत का आंकड़ा (54 विधायक) होने के कारण उनकी जीत लगभग तय मानी जा रही है।

लक्ष्मी वर्मा का राजनीतिक सफर

लक्ष्मी वर्मा (59) का राजनीतिक करियर तीन दशक से भी अधिक पुराना है। वे रायपुर नगर निगम की पार्षद से लेकर जिला पंचायत अध्यक्ष तक की जिम्मेदारी संभाल चुकी हैं। अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) के कुर्मी समाज से आने वाली वर्मा को संगठन में एक शांत और कर्मठ नेता के रूप में जाना जाता है। उनके नामांकन को भाजपा के ‘मातृशक्ति’ और ‘संगठन प्रथम’ के विजन से जोड़कर देखा जा रहा है।

“यह मेरे जैसे छोटे कार्यकर्ता के लिए बहुत बड़ा अवसर है। मैं केंद्रीय नेतृत्व और मुख्यमंत्री जी का आभार व्यक्त करती हूँ। राज्यसभा में छत्तीसगढ़ की आवाज को मजबूती से उठाना मेरी प्राथमिकता होगी।”— लक्ष्मी वर्मा, राज्यसभा प्रत्याशी, भाजपा

राज्यसभा की इन सीटों के लिए मतदान 16 मार्च, 2026 को होना निर्धारित है। नामांकन पत्रों की जांच 6 मार्च को की जाएगी, जबकि नाम वापसी की अंतिम तिथि 9 मार्च है। यदि मैदान में केवल दो ही उम्मीदवार (एक भाजपा और एक कांग्रेस) बचते हैं, तो निर्विरोध निर्वाचन की घोषणा भी संभव है। छत्तीसगढ़ की 90 सदस्यीय विधानसभा में वोटों का गणित भाजपा के पक्ष में है, जिससे लक्ष्मी वर्मा की संसद पहुंचने की राह आसान दिखाई दे रही है।

- Advertisement -
Latest News

KORBA:-जिले में मिलेगा आधुनिक इलाज का नया केंद्र- 7 मार्च को शुरू होगा 100 बेड का ‘शिवाय हॉस्पिटल……

कोरबा । कोरबा शहर में स्वास्थ्य क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में 7 मार्च 2026 को कोरबा...

More Articles Like This