Saturday, February 14, 2026

जेल से तो बाहर आ गए लखमा, लेकिन छत्तीसगढ़ से भी बाहर रहेंगे…

Must Read

रायपुर,04 फरवरी छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाला मामले में पूर्व आबकारी मंत्री और विधायक कवासी लखमा को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। लगभग एक साल से अधिक समय से जेल में बंद लखमा को मंगलवार को शीर्ष अदालत ने सशर्त जमानत दे दी। हालांकि, कोर्ट ने जमानत के साथ सख्त शर्तें भी लगाई हैं।सुप्रीम कोर्ट के आदेश के अनुसार, कवासी लखमा को छत्तीसगढ़ राज्य से बाहर रहना होगा। वे केवल अदालत में पेशी के लिए ही राज्य में प्रवेश कर सकेंगे। इसके अलावा उन्हें अपना पासपोर्ट जमा करना होगा और वर्तमान पता व मोबाइल नंबर संबंधित पुलिस थाने में दर्ज कराना अनिवार्य होगा।

मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में छत्तीसगढ़ शराब घोटाले को लेकर करीब ढाई घंटे तक सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने कवासी लखमा को सशर्त जमानत प्रदान की। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कोर्ट में दलील दी कि कवासी लखमा शराब सिंडिकेट के अहम सदस्य थे और उनके निर्देशों पर ही पूरा नेटवर्क काम करता था। ईडी के अनुसार, शराब नीति में बदलाव और सिंडिकेट को संरक्षण देने में लखमा की महत्वपूर्ण भूमिका रही।प्रवर्तन निदेशालय ने कवासी लखमा को 15 जनवरी को शराब घोटाले के सिलसिले में गिरफ्तार किया था। इसके बाद आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने भी इस मामले में प्रकरण दर्ज किया। लखमा तभी से न्यायिक हिरासत में थे। हाल ही में ईडी ने उनके खिलाफ चार्जशीट भी दाखिल की है।

यह कथित घोटाला भूपेश बघेल सरकार के कार्यकाल के दौरान हुआ, जब कवासी लखमा राज्य के आबकारी मंत्री थे। आरोप है कि शराब कारोबारियों को लाभ पहुंचाने के लिए नियमों में ढील दी गई और इसके बदले सिंडिकेट से लखमा को हर महीने करीब दो करोड़ रुपये का कमीशन मिलता था,छत्तीसगढ़ शराब घोटाले की जांच प्रवर्तन निदेशालय द्वारा की जा रही है। ईडी ने एसीबी में दर्ज एफआईआर के आधार पर जांच शुरू की थी, जिसमें करीब 3,200 करोड़ रुपये से अधिक के घोटाले का दावा किया गया है। एफआईआर में राजनेताओं, आबकारी विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों और कारोबारियों की संलिप्तता बताई गई है। ईडी के अनुसार, तत्कालीन सरकार के दौरान IAS अधिकारी अनिल टुटेजा, आबकारी विभाग के एमडी एपी त्रिपाठी और कारोबारी अनवर ढेबर के कथित सिंडिकेट के जरिए इस घोटाले को अंजाम दिया गया। फिलहाल सुप्रीम कोर्ट से मिली जमानत के बाद कवासी लखमा के जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है, जबकि मामले की जांच और आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी रहेगी।

- Advertisement -
Latest News

एक्सीडेंट से दोहरा सदमा: रॉन्ग साइड से ट्रेलर घर के आंगन में घुसने से बर्तन धो रही गर्भवती महिला की मौके पर मौत, ग्रामीणों...

कोरबा। हरदीबाजार के मुड़ापार बाजारपारा में रॉन्ग साइड से आए ट्रेलर के सड़क किनारे घर के आंगन में घुसने...

More Articles Like This