रायपुर। छत्तीसगढ़ में जून महीने से बिजली उपभोक्ताओं को महंगाई का बड़ा झटका लग सकता है। राज्य में बिजली दरों में बढ़ोतरी के संकेत मिल रहे हैं। यदि बिजली नियामक आयोग प्रस्ताव को मंजूरी देता है, तो घरेलू, व्यावसायिक और औद्योगिक उपभोक्ताओं के बिजली बिल बढ़ सकते हैं।
बता दें कि राज्य पावर कंपनी ने हजारों करोड़ रुपये के घाटे का हवाला देते हुए टैरिफ बढ़ाने की मांग की है, जिस पर आयोग विचार कर रहा है। ऐसे में अगर आयोग कंपनी के अधिकांश दावों को स्वीकार कर लेता है, तो बिजली बिल में 20 प्रतिशत तक बढ़ोतरी संभव है।
गर्मी के मौसम में पहले ही बिजली की खपत बढ़ चुकी है। ऐसे समय में बिजली दरों में संभावित वृद्धि आम लोगों की जेब पर सीधा असर डाल सकती है। खासकर मध्यमवर्गीय परिवारों और छोटे कारोबारियों के लिए यह फैसला परेशानी बढ़ाने वाला साबित होगा।
घरेलू और व्यापारिक उपभोक्ताओं पर असर
यदि बिजली दरों में बढ़ोतरी होती है, तो इसका सबसे ज्यादा असर घरेलू उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है। गर्मी के मौसम में एसी, कूलर और अन्य उपकरणों के ज्यादा इस्तेमाल से बिजली खपत पहले ही बढ़ जाती है। ऐसे में महंगी बिजली लोगों के मासिक बजट को प्रभावित कर सकती है।
वहीं व्यावसायिक और औद्योगिक क्षेत्रों में भी लागत बढ़ने की आशंका है। छोटे व्यापारियों और उद्योगों के लिए बिजली खर्च बढ़ना आर्थिक दबाव बढ़ा सकता है। बिजली दरों में वृद्धि का असर बाजार की कीमतों पर भी देखने को मिल सकता है।















