दादरखुर्द पुरानी बस्ती में आवारा कुत्तों के हमले में मासूम बच्चे की मौत के बाद कांग्रेस महिला नेत्री शशि अग्रवाल ने नगर निगम प्रशासन पर हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि निगम की लापरवाही और आवारा कुत्तों पर समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं होने के कारण एक मासूम की जान चली गई।
शशि अग्रवाल ने कहा कि शहर के कई वार्डों में लंबे समय से आवारा कुत्तों का आतंक बना हुआ है। स्थानीय लोग लगातार शिकायतें करते रहे लेकिन नगर निगम ने गंभीरता से ध्यान नहीं दिया। उनका कहना है कि घटना के बाद पीड़ित परिवार को ₹1 लाख की सहायता राशि देने की घोषणा स्वागतयोग्य है, लेकिन इससे उस परिवार का दर्द कम नहीं होगा जिसने अपना मासूम खो दिया है।
उन्होंने कहा कि यदि नगर निगम पहले से नियमित अभियान चलाता और संवेदनशील क्षेत्रों में आवारा कुत्तों की समस्या पर प्रभावी नियंत्रण करता, तो संभव है कि यह दर्दनाक घटना टल जाती। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर हर बड़ी घटना के बाद ही प्रशासन क्यों जागता है।
कांग्रेस महिला नेत्री ने मांग की कि पूरे शहर में विशेष अभियान चलाकर आवारा कुत्तों की समस्या का स्थायी समाधान किया जाए। साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों की पहचान कर नियमित निगरानी, प्रभावी नियंत्रण और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को ऐसी त्रासदी का सामना न करना पड़े।















