अजब गजब: कोरबा नगर निगम को जब पता चला कि उसके पैसे जमा नही हुए है तो नींद ही उड़ गई. आनन-फानन में जांच शुरू की गई. जांच में पता चला कि टीपी नगर ब्रांच में एक्सिस बैंक के खाते में पैसा जमा नहीं हुआ है. इसके बाद नगर निगम के सहायक लेखा अधिकारी प्रदीप कुमार सिकदार ने सिविल लाइन थाने में एक्सिस बैंक प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी.
कोरबा. कोरबा शहर में इन दिनों एक फिल्मी कहानी जैसा मामला सामने आया है, जिसने हर किसी को हैरत में डाल दिया है. यह मामला है कोरबा नगर निगम के खाते से गायब हुए 79.42 लाख रुपये का.मामला कुछ ऐसा है कि जैसे मानो किसी फिल्म की स्क्रिप्ट लिखी जा रही हो, जिसमें हीरो भोला-भाला है और खलनायक शातिर, जो हीरो की मेहनत की कमाई पर हाथ साफ कर जाता है.
जनवरी 2023 से जनवरी 2024 का पैसा गबन
दरअसल, कोरबा नगर निगम ने शहर से डेली कलेक्शन के लिए सीएमएस कंपनी को अधिकृत किया हुआ था. सीएमएस कंपनी का काम था कि वह शहर से पैसे इकट्ठा करे और उसे एक्सिस बैंक में जमा करा दे. लेकिन, जनवरी 2023 से जनवरी 2024 तक एक साल के दौरान जो पैसा एक्सिस बैंक में जमा होना चाहिए था, वो हुआ ही नहीं है.
एक्सिस बैंक प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज
जब नगर निगम को इस बात का पता चला कि लाखों रुपये बैंक में जमा ही नहीं हुए हैं, तो उनके होश उड़ गए. आनन-फानन में जांच शुरू की गई.जांच में पता चला कि टीपी नगर ब्रांच में एक्सिस बैंक के खाते में पैसा जमा नहीं हुआ है. इसके बाद नगर निगम के सहायक लेखा अधिकारी प्रदीप कुमार सिकदार ने सिविल लाइन थाने में एक्सिस बैंक प्रबंधन के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी. आरोप है कि एक्सिस बैंक के तत्कालीन प्रबंधन ने इस मोटी रकम का गबन किया है.
जांच समिति का गठन
इस मामले की गंभीरता को देखते हुए निगम ने एक जांच समिति का गठन किया. समिति ने अपनी रिपोर्ट में साफ-साफ कहा कि एक्सिस बैंक की कोरबा शाखा में निगम के खाते में यह राशि जमा नहीं हुई है. अब पुलिस ने भी इस मामले में अपनी जांच शुरू कर दी है.
बैंक के खिलाफ गबन का मामला दर्ज
थाना प्रभारी प्रमोद डनसेना ने बताया कि बैंक के खिलाफ गबन का मामला दर्ज कर लिया गया है. पुलिस बैंक प्रबंधन और निगम कर्मियों से पूछताछ कर रही है. मामले की तह तक जाने के लिए पुलिस हर पहलू पर बारीकी से जांच कर रही है.
मामले की सच्चाई जानने को सब बेताब
अब सवाल यह उठता है कि आखिर यह पैसा गया कहां? क्या यह ‘लकी भास्कर’ फिल्म की तरह बैंक में हेराफेरी का मामला है? या फिर इसके पीछे कोई और ही कहानी है? ये तो जांच के बाद ही पता चलेगा. फिलहाल, इस घटना ने कोरबा में सनसनी फैला दी है और हर कोई इस ‘अजब गजब’ मामले की सच्चाई जानने को बेताब है.















