कोरबा, 15 अप्रैल 2026।
छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल के आरक्षित वर्ग अधिकारी-कर्मचारी संघ, शाखा कोरबा (पश्चिम) ने संवैधानिक अधिकारों के कथित उल्लंघन के विरोध में कड़ा रुख अपनाते हुए सामूहिक इस्तीफे की चेतावनी दी है। इस संबंध में संघ द्वारा कार्यपालक निदेशक/मुख्य अभियंता को ज्ञापन सौंपा गया है।
संघ के अध्यक्ष बी. पी. पटेल के हस्ताक्षर से जारी पत्र में बताया गया है कि आरक्षित वर्ग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के संवैधानिक और मौलिक अधिकारों की लंबे समय से उपेक्षा की जा रही है। पदोन्नति सहित विभिन्न प्रशासनिक मामलों में उचित निर्णय नहीं लिए जाने के कारण कर्मचारियों में गहरी नाराज़गी व्याप्त है।
पत्र में उल्लेख किया गया है कि संघ ने पूर्व में भी इस संबंध में कई बार पत्राचार किया, जिनमें दिनांक 19.12.2024, 16.01.2026 तथा 27.02.2026 को भेजे गए संदर्भ शामिल हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया। इससे कर्मचारियों में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
संघ ने चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं की गई, तो वे 15 जुलाई 2026 को सामूहिक इस्तीफा देने के लिए बाध्य होंगे। साथ ही, विद्युत कंपनी के चल रहे कार्यों पर भी इसका व्यापक प्रभाव पड़ सकता है।
संघ ने प्रबंधन से मांग की है कि संवैधानिक प्रावधानों का सम्मान करते हुए आरक्षित वर्ग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसी भी प्रकार की प्रशासनिक बाधा उत्पन्न न हो।
पत्र की प्रतिलिपि छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत मंडल के प्रांतीय अध्यक्ष को भी आवश्यक कार्रवाई हेतु प्रेषित की गई है।















