कोरबा, छत्तीसगढ़ — बिजली बिलों की बढ़ती दरों से त्रस्त कोरबा जिले की जनता के समर्थन में आम आदमी पार्टी ने कल एक विशाल जन रैली निकाली। रैली के माध्यम से पार्टी ने बिजली विभाग के खिलाफ हल्ला बोलते हुए गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों को राहत देने की मांग की।
पार्टी नेताओं का कहना है कि कोरबा जैसे जिले, जहां खुद बिजली का उत्पादन होता है और जहां के लोग कोयला, राखड़ और पानी प्रदूषण जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं, वहां के नागरिकों को सबसे अधिक बिजली बिल देना पड़ रहा है। यह अन्यायपूर्ण है और इसे तुरंत रोका जाना चाहिए।
रैली में आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं ने तख्तियाँ और बैनर लेकर सरकार से मांग की कि कोरबा में भी दिल्ली, पंजाब जैसे राज्यों की तरह बिजली बिल हाफ रेट या माफी की प्रक्रिया शुरू की जाए। पार्टी ने पहले भी ज्ञापन देकर सरकार से बिजली बिल दरों को कम करने की मांग की थी, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
पार्टी नेताओं ने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई, तो आंदोलन और तेज़ किया जाएगा। रैली में सैकड़ों की संख्या में लोग शामिल हुए और उन्होंने बिजली बिल के मुद्दे पर एकजुटता दिखाई।
आम आदमी पार्टी की यह पहल कोरबा की जनता की लंबे समय से चली आ रही समस्या को आवाज़ देने की दिशा में एक अहम कदम है। अब यह देखना बाकी है कि सरकार इस पर क्या रुख अपनाती है और जनता को कितनी राहत मिलती है।















